महिलाओं के लिए रोजगार योजना अब सिर्फ लोन तक सीमित नहीं है — 2026 में लखपति दीदी, LIC बीमा सखी और स्टैंड-अप इंडिया जैसी योजनाएं महिलाओं को SHG training से लेकर सीधी नौकरी तक अलग-अलग रास्ते दे रही हैं, पर हर योजना की पात्रता अलग है।
महिलाओं के लिए रोजगार योजनाएं 2026 में कौन-कौन सी चल रही हैं
केंद्र सरकार फिलहाल तीन बड़ी योजनाओं के जरिए महिलाओं को Employment और Self-Employment के मौके दे रही है।
इनमें से कोई SHG training पर आधारित है, कोई सीधी नौकरी देती है, तो कोई बिजनेस लोन।
तीनों अलग Ministry चलाती है, इसलिए पात्रता और Apply करने का तरीका भी अलग-अलग है।
नीचे दी गई टेबल में एक नजर में फर्क समझ सकती हैं।
योजनाओं की Quick Overview Table
| योजना | विभाग | शुरुआत | मुख्य फायदा | लक्ष्य |
|---|---|---|---|---|
| लखपति दीदी योजना | ग्रामीण विकास मंत्रालय (DAY-NRLM) | 15 अगस्त 2023 | SHG के जरिए ₹1 लाख+ सालाना आय | 6 करोड़ महिलाएं (मार्च 2029 तक) |
| LIC बीमा सखी योजना | LIC ऑफ इंडिया | 9 दिसंबर 2024 | 3 साल तक स्टाइपेंड + कमीशन | 1 लाख महिला एजेंट |
| स्टैंड-अप इंडिया योजना | वित्त मंत्रालय / SIDBI | 5 अप्रैल 2016 | ₹10 लाख से ₹1 करोड़ तक बिजनेस लोन | हर बैंक ब्रांच से एक महिला उधारकर्ता |
लखपति दीदी योजना — पात्रता और लाभ
DAY-NRLM के तहत 2023 में शुरू की गई लखपति दीदी पहल का उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों में महिलाओं को सालाना 1 लाख रुपये से अधिक कमाने में सक्षम बनाना है। सरकार ने निर्धारित समय से पहले ही 3 करोड़ लखपति दीदियों का लक्ष्य हासिल कर लिया है और अब मार्च 2029 तक 6 करोड़ दीदियों का नया लक्ष्य रखा है।
- महिला किसी गांव के Self Help Group (SHG) से जुड़ी हो
- “लखपति दीदी” वह मानी जाती है जिसके परिवार की सालाना आय कम से कम चार सीजन/बिजनेस साइकिल में औसतन ₹10,000 प्रति माह से ज्यादा हो
- SHG को Revolving Fund (RF) और Community Investment Fund (CIF) के जरिए वित्तीय मदद मिलती है
- Training खेती, पशुपालन या छोटे बिजनेस — किसी भी क्षेत्र में हो सकती है
LIC बीमा सखी योजना — पात्रता और स्टाइपेंड
- आवेदन की तारीख पर उम्र कम से कम 18 साल और प्रवेश के समय अधिकतम 70 साल तक हो सकती है
- न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता 10वीं पास
- परिवार में पहले से कोई LIC एजेंट न हो
- पहले साल ₹7,000, दूसरे साल ₹6,000 और तीसरे साल ₹5,000 प्रति माह तक स्टाइपेंड, कुछ शर्तों (हर महीने पॉलिसी टारगेट) के साथ
- स्टाइपेंड के अलावा पॉलिसी बेचने पर अलग से कमीशन भी मिलता है
स्टैंड-अप इंडिया योजना — बिजनेस लोन
- ₹10 लाख से ₹1 करोड़ तक का लोन, अधिकतम 7 साल में चुकाना होता है, साथ में 18 महीने तक की मोहलत (moratorium)
- सिर्फ Greenfield यानी पहली बार शुरू हो रहे बिजनेस के लिए लोन मिलता है
- हर बैंक ब्रांच से कम से कम एक महिला उधारकर्ता को यह लोन देना अनिवार्य किया गया है
- अब तक इस योजना के तहत मंजूर लोन में लगभग 81% हिस्सा अकेले महिला उद्यमियों को मिल चुका है
ध्यान दें: यह योजना 2025 तक बढ़ाई गई थी; 2026 के लिए आगे की एक्सटेंशन को लेकर कोई अलग नई घोषणा फिलहाल कन्फर्म नहीं हुई है, इसलिए आवेदन से पहले पोर्टल पर ताजा स्थिति जरूर चेक कर लें।
जरूरी दस्तावेज
- आधार कार्ड और निवास प्रमाण पत्र
- पासपोर्ट साइज फोटो
- बैंक पासबुक / अकाउंट डिटेल
- शैक्षणिक प्रमाण पत्र (बीमा सखी के लिए 10वीं की मार्कशीट)
- SHG मेंबरशिप डिटेल (लखपति दीदी के लिए) या बिजनेस प्रोजेक्ट रिपोर्ट, आइडेंटिटी/एड्रेस प्रूफ, इनकम टैक्स रिटर्न (स्टैंड-अप इंडिया के लिए)
आवेदन कैसे करें — हर स्कीम का स्टेप बाय स्टेप प्रोसेस
1. लखपति दीदी योजना में कैसे जुड़ें
- सबसे पहले पता करें कि आपके गांव में कौन सा Self Help Group (SHG) पहले से एक्टिव है — यह जानकारी गांव की आंगनवाड़ी वर्कर, ग्राम पंचायत या ब्लॉक के NRLM ऑफिस से मिल जाती है।
- अगर गांव में SHG न हो, तो 10-15 महिलाएं मिलकर नया SHG बना सकती हैं, जिसे ग्राम संगठन (VO) से रजिस्टर कराया जाता है।
- SHG बनने के बाद ग्रुप का बैंक खाता खोला जाता है और Revolving Fund के लिए आवेदन किया जाता है।
- इसके बाद Livelihood Training (खेती, पशुपालन, सिलाई, छोटा बिजनेस आदि) दी जाती है, जिससे सालाना ₹1 लाख से ज्यादा आय का लक्ष्य पूरा किया जाता है।
- पूरी प्रोसेस और अपने राज्य की स्कीम डिटेल myScheme पोर्टल पर DAY-NRLM पेज पर देखी जा सकती है — इसका कोई अलग individual “Apply Online” फॉर्म नहीं है, SHG से जुड़ना ही असली स्टेप है।
2. LIC बीमा सखी योजना में आवेदन कैसे करें
- LIC की आधिकारिक Bima Sakhi वेबसाइट पर जाएं।
- होमपेज पर “Bima Sakhi” या “Join as Insurance Agent” लिंक पर क्लिक करें।
- अपना नाम, जन्म तिथि, मोबाइल नंबर, ईमेल और पता भरकर रजिस्ट्रेशन फॉर्म सबमिट करें।
- शैक्षणिक योग्यता (कम से कम 10वीं पास) की जानकारी अपडेट करें।
- फॉर्म सबमिट करने के बाद चयन प्रक्रिया शुरू होती है; चुने जाने पर SMS और ईमेल के जरिए Interview और Training की जानकारी दी जाती है।
- Training पूरी होने के बाद ही स्टाइपेंड और एजेंट कोड जारी होता है।
3. स्टैंड-अप इंडिया योजना के लिए लोन आवेदन
- standupmitra.in पोर्टल के रजिस्ट्रेशन पेज पर जाकर खुद को रजिस्टर करें।
- बिजनेस लोकेशन, कैटेगरी (Woman) और बिजनेस में कम से कम 51% हिस्सेदारी की जानकारी भरें।
- प्रस्तावित बिजनेस की प्रकृति (Manufacturing/Service/Trading), जरूरी लोन अमाउंट और जगह की डिटेल डालें।
- पिछला बिजनेस अनुभव (अगर हो) और Handholding Support चाहिए या नहीं, यह बताएं।
- इनपुट के आधार पर आपको “Ready Borrower” या “Trainee Borrower” कैटेगरी में रखा जाएगा — Ready Borrower सीधे बैंक ब्रांच में लोन प्रोसेस शुरू कर सकती हैं, जबकि Trainee Borrower को अपने जिले के Lead District Manager (LDM) से हैंडहोल्डिंग सपोर्ट मिलता है।
- चाहें तो सीधे अपनी नजदीकी बैंक ब्रांच में जाकर भी आवेदन शुरू किया जा सकता है, पोर्टल जरूरी नहीं है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q. क्या ये तीनों योजनाएं सिर्फ ग्रामीण महिलाओं के लिए हैं?
लखपति दीदी मुख्यतः ग्रामीण SHG महिलाओं के लिए है, जबकि बीमा सखी और स्टैंड-अप इंडिया शहरी और ग्रामीण दोनों महिलाएं ले सकती हैं।
Q. लखपति दीदी बनने के लिए पहले से बिजनेस होना जरूरी है?
नहीं, SHG से जुड़ने के बाद Training और फंड सपोर्ट से नया लाइवलीहुड शुरू किया जा सकता है।
Q. बीमा सखी योजना का स्टाइपेंड हमेशा मिलता रहेगा?
नहीं, तीसरे साल के बाद स्टाइपेंड बंद हो जाता है और कमाई पूरी तरह कमीशन पर निर्भर होती है।
Q. स्टैंड-अप इंडिया लोन के लिए कोई गारंटी (collateral) देनी पड़ती है?
नहीं, यह लोन क्रेडिट गारंटी फंड से कवर होता है, इसलिए अलग से कोलैटरल की जरूरत नहीं पड़ती।
Q. आवेदन के लिए कोई फीस लगती है?
नहीं, तीनों योजनाओं में आवेदन प्रक्रिया फ्री है, किसी भी एजेंट या वेबसाइट को पैसे देने से बचें।